Pakistan News: पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद आज, मंगलवार को एक बड़े आतंकी हमले से दहल उठी। इस्लामाबाद जिला न्यायालय परिसर के गेट नंबर-1 के बाहर हुए एक भीषण आत्मघाती विस्फोट में कम से कम 12 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 20 से अधिक लोग घायल हुए हैं। यह विस्फोट तब हुआ जब आत्मघाती हमलावर ने अदालत में प्रवेश करने की कोशिश की, लेकिन नाकाम रहने पर उसने पुलिस वाहन के पास खुद को उड़ा लिया। इस हमले की जिम्मेदारी तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) ने ली है।
इस घातक हमले के तुरंत बाद, पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ और राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने देश में “युद्ध की स्थिति” (State of War) घोषित कर दी है। रक्षा मंत्री आसिफ ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जो कोई यह सोचता है कि यह युद्ध केवल सेना अफ़गान-पाक सीमा पर और बलूचिस्तान के दूरदराज इलाकों में लड़ रही है, उनके लिए इस्लामाबाद की अदालत में हुआ यह आत्मघाती हमला एक “वेक-अप कॉल” है।
पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने पुष्टि की है कि आत्मघाती हमलावर का सिर घटनास्थल से बरामद किया गया है। उन्होंने बताया कि मरने वालों में ज्यादातर वकील और याचिकाकर्ता शामिल हैं। उन्होंने यह भी कहा कि इस विस्फोट के पीछे के प्रायोजकों ने अपना फंडिंग तीन गुना बढ़ा दी है और यह एक गंभीर सुरक्षा चूक है। नकवी ने दोषियों को जल्द से जल्द न्याय के कटघरे में लाने का आश्वासन दिया है।
इस हमले ने एक बार फिर से पाकिस्तान की आंतरिक सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, खासकर ऐसे समय में जब देश खैबर पख्तूनख्वा और बलूचिस्तान प्रांतों में टीटीपी के बढ़ते हमलों का सामना कर रहा है। पाकिस्तान की सरकार ने अफगानिस्तान के शासकों से आतंकवाद को रोकने के लिए अपनी जमीन का इस्तेमाल न करने देने का आग्रह किया है और चेतावनी दी है कि यदि ऐसा नहीं हुआ तो वे आवश्यक कार्रवाई करने के लिए मजबूर होंगे।













