Himachal Weather Update News In Hindi: नए साल 2026 की शुरुआत के साथ ही देवभूमि हिमाचल प्रदेश कड़ाके की ठंड और घने कोहरे की चपेट में है। पहाड़ों पर बर्फबारी और मैदानी इलाकों में सूखी ठंड ने जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है। मौसम विभाग (IMD) ने प्रदेश के 7 जिलों में भीषण शीतलहर (Cold Wave) और घने कोहरे को लेकर अलर्ट जारी किया है। स्थिति यह है कि प्रदेश के 11 प्रमुख शहरों का तापमान जमाव बिंदु (Freezing Point) से नीचे यानी माइनस में चला गया है। पानी की पाइपें जम गई हैं और सड़कों पर ‘ब्लैक आइस’ (Black Ice) के कारण फिसलन बढ़ गई है, जिससे सफर करना जोखिम भरा हो गया है।

7 जिलों में शीतलहर और कोहरे का ‘डबल अटैक’
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने जिन 7 जिलों के लिए चेतावनी जारी की है, उनमें मुख्य रूप से मैदानी और कम ऊंचाई वाले जिले शामिल हैं। ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, कांगड़ा, मंडी, सोलन और सिरमौर जिलों में घने कोहरे (Dense Fog) और शीतलहर का प्रकोप जारी है।

इन जिलों में सुबह और रात के समय विजिबिलिटी (दृश्यता) 50 मीटर से भी कम रह गई है। कोहरे का असर इतना भयावह है कि ऊना और हमीरपुर जैसे जिलों में दिन के समय भी गाड़ियों को हेडलाइट जलाकर चलना पड़ रहा है। मौसम विभाग ने इन क्षेत्रों में ‘येलो’ और कुछ स्थानों पर ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी करते हुए वाहन चालकों को बेहद सावधानी बरतने की सलाह दी है।
11 शहर माइनस में: मनाली और सोलन भी जमे
हिमाचल में ठंड का आलम यह है कि न केवल जनजातीय जिले, बल्कि पर्यटकों के पसंदीदा शहर भी ‘डीप फ्रीजर’ बन गए हैं। ताज़ा रिपोर्ट के अनुसार, प्रदेश के 11 शहरों का न्यूनतम तापमान माइनस में दर्ज किया गया है:

- कुकुमसेरी (लाहुल-स्पीति): -11.2°C (सबसे ठंडा स्थान)
- ताबो (लाहुल-स्पीति): -10.8°C
- कल्पा (किन्नौर): -5.2°C
- नारकंडा: -2.9°C
- रिकांगपिओ: -2.0°C
- सेउबाग: -1.5°C
- मनाली: -1.4°C
- कुफरी: -1.3°C
- भुंतर: -1.3°C
- सोलन: -1.1°C
- सुंदरनगर: -0.6°C
हैरानी की बात यह है कि सोलन जैसा शहर, जो आमतौर पर इतना ठंडा नहीं होता, वहां भी पारा माइनस में चला गया है। मनाली में रात का तापमान -1.4 डिग्री सेल्सियस होने से होटल व्यवसायी खुश हैं क्योंकि इससे बर्फबारी की उम्मीद बढ़ गई है, लेकिन स्थानीय निवासियों के लिए मुसीबतें बढ़ गई हैं।
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सूखी ठंड ने बढ़ाई चिंता: किसानों के लिए मुसीबत
हालांकि ऊंचाई वाले इलाकों जैसे रोहतांग दर्रा, कोकसर और अटल टनल के साउथ पोर्टल पर हल्की बर्फबारी (Light Snowfall) हुई है, लेकिन प्रदेश का बड़ा हिस्सा अभी भी ‘सूखी ठंड’ (Dry Cold) की मार झेल रहा है। बागवानों के लिए यह चिंता का विषय है। सेब (Apple) की फसल के लिए बर्फबारी जरूरी होती है क्योंकि यह ‘चिलिंग आवर्स’ (Chilling Hours) पूरे करती है और जमीन में नमी बनाए रखती है। अगर अगले एक हफ्ते तक अच्छी बर्फबारी नहीं हुई, तो आगामी सीजन में सेब उत्पादन पर बुरा असर पड़ सकता है।

हादसों का सबब बना कोहरा: ऊना में 4 की मौत
घने कोहरे ने प्रदेश में जानलेवा रूप ले लिया है। हाल ही में पंजाब से सटे हिमाचल के सीमावर्ती इलाकों में धुंध के कारण हुए सड़क हादसों में कई लोगों के घायल होने और ऊना जिले के चार लोगों की दुखद मौत की खबर सामने आई है। पुलिस प्रशासन ने एडवाइजरी जारी करते हुए कहा है कि रात 8 बजे के बाद और सुबह 9 बजे से पहले कोहरे वाले रास्तों पर यात्रा करने से बचें।

पर्यटकों के लिए एडवाइजरी (Tourist Advisory)
वीकेंड पर हिमाचल का रुख कर रहे पर्यटकों के लिए प्रशासन ने विशेष निर्देश जारी किए हैं:
- ब्लैक आइस से सावधान: कुफरी, नारकंडा और मनाली के ऊपरी रास्तों पर पाला जमने से सड़कें शीशे जैसी चिकनी हो गई हैं (Black Ice)। यहाँ गाड़ियां स्किड हो रही हैं।
- अटल टनल: मनाली से अटल टनल जाने वाले पर्यटकों को फोर-बाय-फोर (4×4) गाड़ियों या टायरों पर चेन लगाकर जाने की ही अनुमति दी जा रही है।
- गर्म कपड़े: माइनस तापमान को देखते हुए पर्यटकों को भारी ऊनी कपड़े साथ लाने की सलाह दी गई है।

अगले 5 दिन कैसा रहेगा मौसम?
मौसम विभाग के निदेशक के अनुसार, 15 जनवरी तक प्रदेश में मौसम के शुष्क (Dry) रहने के आसार हैं। हालांकि, एक कमजोर पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) सक्रिय हो रहा है, जिससे लाहुल-स्पीति और किन्नौर की ऊंची चोटियों पर हल्का हिमपात हो सकता है, लेकिन शिमला और मनाली शहर में बर्फबारी के लिए अभी थोड़ा और इंतजार करना पड़ सकता है। फिलहाल, मैदानी इलाकों में कोहरे और शीतलहर से राहत मिलने की उम्मीद कम है।
अगर आप भी हिमाचल आने का प्लान बना रहे हैं, तो मौसम के इस मिजाज को ध्यान में रखकर ही निकलें। पहाड़ों की रानी शिमला हो या भोले की नगरी मनाली, ठंड ने अपने तीखे तेवर दिखा दिए हैं। स्थानीय लोग अलाव का सहारा ले रहे हैं और प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट मोड पर है।











