पंजाब के पूर्व पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) मोहम्मद मुस्तफा और उनकी पत्नी, जो कि पूर्व मंत्री रजिया सुल्ताना हैं, सहित परिवार के चार सदस्यों के खिलाफ उनके बेटे अकील अख्तर की मौत के मामले में हत्या और आपराधिक साजिश का मामला दर्ज किया गया है। यह एफआईआर हरियाणा के पंचकूला स्थित मनसा देवी कॉम्प्लेक्स (एमडीसी) पुलिस स्टेशन में मृतक के एक पड़ोसी शमशुद्दीन चौधरी की शिकायत के आधार पर दर्ज की गई है।
दरअसल, पूर्व डीजीपी मोहम्मद मुस्तफा के बेटे अकील अख्तर 16 अक्टूबर को पंचकूला स्थित अपने आवास पर संदिग्ध परिस्थितियों में मृत पाए गए थे। शुरुआत में परिवार ने इसे नशीली दवाओं की ओवरडोज से हुई मौत बताया था और पोस्टमार्टम के बाद शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया था।
हालांकि, मामले में तब नया मोड़ आया जब अकील का एक पुराना वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। यह वीडियो कथित तौर पर 27 अगस्त को रिकॉर्ड किया गया था, जिसमें अकील अख्तर ने अपने परिवार पर उनकी हत्या की साजिश रचने का गंभीर आरोप लगाया था। वीडियो में उन्होंने यह भी दावा किया था कि उनके पिता मोहम्मद मुस्तफा और उनकी पत्नी (बहू) के बीच अवैध संबंध हैं। उन्होंने अपनी माँ और बहन पर भी उन्हें झूठे मामलों में फंसाने की साजिश में शामिल होने का आरोप लगाया था। पड़ोसी शमशुद्दीन ने इसी वीडियो और अपनी शिकायत को आधार बनाकर पुलिस से मामले की जांच की मांग की, जिसके बाद पुलिस ने मोहम्मद मुस्तफा, रजिया सुल्ताना, उनकी बेटी और पुत्रवधू के खिलाफ हत्या और आपराधिक साजिश की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
पंचकूला पुलिस ने मामले की गहन और निष्पक्ष जांच के लिए तत्काल एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया है और फॉरेंसिक जांच के लिए विसरा सैंपल का विश्लेषण कराया जा रहा है। दूसरी ओर, पूर्व डीजीपी मोहम्मद मुस्तफा ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा है कि उनका बेटा ड्रग्स एडिक्शन से पीड़ित एक मरीज था और उनके खिलाफ लगाए गए सभी आरोप तथ्यों पर नहीं, बल्कि अफवाहों पर आधारित और बदले की भावना से प्रेरित हैं। उन्होंने एफआईआर दर्ज करने के पुलिस के कदम का स्वागत किया है और कहा है कि वह झूठ का मुकाबला करेंगे। मामले की जांच जारी है।









