Chandigarh BJP office Blast case News In Hindi: चंडीगढ़ के सेक्टर-37 स्थित पंजाब भाजपा (BJP) मुख्यालय पर हुए ग्रेनेड हमले के मामले में सुरक्षा एजेंसियों और पंजाब पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। इस हाई-प्रोफाइल केस में अब तक 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जिनके तार जर्मनी, पुर्तगाल और पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI से जुड़े पाए गए हैं।
चंडीगढ़ BJP दफ्तर ब्लास्ट केस घटना का घटनाक्रम
1 अप्रैल, 2026 की शाम करीब 5:00 बजे चंडीगढ़ के सेक्टर-37 स्थित पंजाब भाजपा मुख्यालय पर बाइक सवार हमलावरों ने एक हैंड ग्रेनेड फेंका। हमलावरों का इरादा ग्रेनेड को कार्यालय के भीतर फेंकना था, लेकिन वह बाहरी दीवार से टकराकर पार्किंग क्षेत्र में फट गया। इस धमाके में कई वाहनों के शीशे टूट गए, हालांकि कोई जानी नुकसान नहीं हुआ।
Uttarakhand Weather Update: केदारनाथ में भारी बर्फबारी, 7 जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी
अंतर्राष्ट्रीय आतंकी नेटवर्क का खुलासा
पंजाब पुलिस के महानिदेशक (DGP) गौरव यादव के अनुसार, यह हमला केवल स्थानीय अपराध नहीं था, बल्कि इसके पीछे एक गहरी अंतर्राष्ट्रीय साजिश थी:
- पाकिस्तान-ISI का हाथ: शुरुआती जांच और आरोपियों से पूछताछ में सामने आया है कि इस साजिश को पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के इशारे पर रचा गया था।
- जर्मनी और पुर्तगाल कनेक्शन: हमले की प्लानिंग और फंडिंग के तार यूरोप (जर्मनी और पुर्तगाल) में बैठे खालिस्तानी आतंकियों से जुड़े हैं। सुखजिंदर सिंह बब्बर (खालिस्तान समर्थक) ने इस हमले की जिम्मेदारी सोशल मीडिया पर ली थी।
- ड्रोन के जरिए हथियारों की सप्लाई: जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि हमले में इस्तेमाल किया गया ग्रेनेड सीमा पार से ड्रोन के जरिए पंजाब भेजा गया था।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान
पुलिस ने इस मामले में 5 मुख्य संदिग्धों को गिरफ्तार किया है, लेकिन इस दौरान इसमें कई बड़े बदलाव होने की संभावना है।
मंदीप उर्फ अभिजोत शर्मा (संगरूर)
बलविंदर लाल उर्फ शामी (नवांशहर)
जसवीर सिंह उर्फ जस्सी (नवांशहर)
चरणजीत सिंह उर्फ चन्नी (नवांशहर)
रूबल चौहान (शिमला, हिमाचल प्रदेश)
DGP गौरव यादव ने मामले में दी जानकारी
गौह हो कि मामले में DGP गौरव यादव ने एक वीडियों संदेश जारी करते हुए बताया की पंजाब पुलिस की काउंटर इंटेलिजेंस टीम ने चंडीगढ़ पुलिस के साथ जॉइंट ऑपरेशन किया। इसमें 1 अप्रैल को चंडीगढ़ में पंजाब BJP हेडक्वार्टर के बाहर ब्लास्ट की पूरी साजिश को बेनकाब किया। उसके साजिशकर्ताओं को आइडेंटिफाई कर लिया गया है। इसमें 5 आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है।
चंडीगढ़ भाजपा कार्यालय धमाका: क्या है पूरा मामला
चंडीगढ़ के सेक्टर-37 स्थित पंजाब भाजपा मुख्यालय पर हुए हमले ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पंजाब पुलिस और एनआईए (NIA) की संयुक्त जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि पाकिस्तान की ISI पंजाब में अशांति और ‘अफरातफरी’ पैदा करने की कोशिश कर रही है।

जांच में पता चला कि गिरफ्तार किए गए पांचों आरोपी “स्लीपर सेल” की तरह काम कर रहे थे, जिन्हें विदेश (जर्मनी और पुर्तगाल) में बैठे आकाओं द्वारा निर्देश दिए जा रहे थे। इस हमले का मुख्य उद्देश्य राजनीतिक अस्थिरता पैदा करना और खालिस्तानी प्रोपेगेंडा को हवा देना था। DGP ने स्पष्ट किया कि पंजाब पुलिस राज्य की शांति भंग करने की किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं करेगी और सीमा पार से होने वाली ऐसी गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। वर्तमान में, भाजपा मुख्यालय और अन्य संवेदनशील राजनीतिक कार्यालयों की सुरक्षा बढ़ा दी गई है और वहां CRPF की तैनाती की गई है।
फिलहाल इस पूरे मामले का खुलासा करने के लिए लगातार जांच कार्रवाई की जा रही है। ऐसे में देखना अहम होगी की आने वाले दिनों में इसको लेकर क्या कुछ खुलासे होते है। वहीं प्रशासन ने इस तरह के मामलों में ध्यान में रखते हुए शहर में कई अन्य जगहों पर भी सुरक्षा बढ़ा दी है।
(For more news apart from Chandigarh BJP office blast case News in hindi, stay tuned to Mdano News In Hindi)







